सवाल पूछने की जिज्ञासा खत्म कर परिसीमन से तमिलनाडु के लोगों के हक पर हमला कर रही है मोदी सरकार: राहुल

चेन्नई, 10 अक्टूबर (वार्ता) कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष तथा लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर सवाल पूछने की स्वतंत्रता तथा लोकतंत्र को खत्म करने का आरोप लगाते हुए कहा कि अब तमिलनाडु जैसे राज्य की भाषा, संस्कृति पर हमला कर परिसीमन से लोगों की आवाज दबाने की साजिश की जा रही है।
उन्होंने कहा कि तमिलनाडु पर अपनी भाषा थोपकर यहां के लोगों की भाषा और संस्कृति पर हमला किया जा रहा है। यहां के इतिहास को अपनी तुलना में कमजोर बताया जा रहा है और अब परिसीमन का सहारा लेकर यहां के जनप्रतिनिधित्व को कम कर राज्य के लोगों के राजनीतिक अधिकारों और उनकी आवाज को कमजोर करने की बहुत बड़ी साजिश हो रही है।
श्री गांधी ने यहां अपने अभियान 'छात्रों की गूंज' के छठे संस्करण को संबोधित करते हुए कहा कि जिज्ञासा यानी सवाल पूछने का जज्बा छात्रों की सबसे बड़ी ताकत है। सवाल पूछना, नयी चीजें सीखना, भविष्य की कल्पना करना और अपनी पसंद का रास्ता चुनना इसी जिज्ञासा से संभव होता है। महान समाज सुधारक पेरियार और महान कवि तिरुवल्लुवर के विचारों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि किसी बात को सिर्फ इसलिए स्वीकार नहीं करना चाहिए कि उसे किसी दूसरे व्यक्ति ने कहा है बल्कि उसका विश्लेषण करना और सवाल पूछना चाहिए।
उन्होंने कहा कि भाषा, संस्कृति, इतिहास, परंपराएं और अपनी जमीन से जुड़ाव जिज्ञासा की बुनियाद हैं। कोई भी व्यवसाय, नवाचार, कला, नृत्य या संगीत एक सवाल से शुरू होता है और सवाल पूछना मानव प्रगति के साथ-साथ लोकतंत्र का भी आधार है। कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि श्री मोदी जिज्ञासा की इसी बुनियाद को कमजोर कर रहे हैं और 'वोट चोरी' तथा चुनाव में कथित धांधली के जरिए लोकतंत्र पर हमला कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि संविधान नागरिकों को सवाल पूछने का अधिकार देता है और मतदान के जरिए लोग सरकार से जवाब मांग सकते हैं। श्री गांधी ने केंद्र सरकार पर तमिलनाडु के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए शिक्षा के लिए धन रोके जाने, नीट के कारण तमिल माध्यम के छात्रों की मेडिकल सीटों में हिस्सेदारी घटने तथा राज्य के विश्वविद्यालयों में कुलपतियों की नियुक्ति से जुड़े मुद्दे उठाए और आरोप लगाया कि परिसीमन की प्रक्रिया तमिलनाडु को दंडित करने और संसद में उसकी आवाज कमजोर करने का प्रयास है।
उन्होंने कहा कि नफरत, डर, गुस्सा और समाज में विभाजन पैदा करना श्री मोदी के राजनीतिक हथियार हैं। छात्रों से बिना डरे सवाल पूछते रहने का आह्वान करते हुए उंन्होने कहा कि कांग्रेस उनके साथ खड़ी है और तमिलनाडु की भाषा, इतिहास तथा संस्कृति पर हमला नहीं होने दिया जाएगा।
अभिनव शोभित वार्ता

