एक्सक्लूसिव ख़बरें और डेटा, जो मार्केट प्रोफेशनल्स को रखते हैं सबसे आगे। 09/09/26 18:36

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श्री सिन्हा ने राइपनिंग चैंबर में तापमान, आर्द्रता, वायु-संचार तथा एथिलीन गैस की वैज्ञानिक एवं नियंत्रित व्यवस्था होती है। इससे कैल्शियम कार्बाइड जैसे हानिकारक रसायनों के उपयोग की आवश्यकता समाप्त हो जाती है और फल प्राकृतिक, सुरक्षित तथा समान रूप से पकते हैं। इससे फलों की गुणवत्ता, स्वाद, रंग, सुगंध और शेल्फ-लाइफ में सुधार होता है, जिससे बाजार में उनकी मांग और मूल्य दोनों बढ़ते हैं। कृषि मंत्री ने कहा कि योजना के अंतर्गत राइपनिंग चैंबर की स्थापना पर 35 प्रतिशत अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। पात्र लाभार्थियों को अधिकतम 35,000 रुपये प्रति मीट्रिक टन क्षमता तक सहायता प्रदान…

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यूआरएल स्लग:
बिहार कृषि आय वृद्धि दो अंतिम पटना
स्रोत:
UNI Varta
कैटेगरी
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प्रकाशित तिथि
22/06/26 14:50
पिछला अपडेट
22/06/26 14:50
स्थान
India