नयी दिल्ली 18 सितम्बर (वार्ता) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को यहां विज्ञान भवन में "पर्यावरण और जलवायु की गतिशीलता का भविष्य" विषय पर आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे।
दो दिन के इस सम्मेलन का आयोजन राष्ट्रीय हरित अधिकरण द्वारा किया जा रहा है। सम्मेलन में पर्यावरण विशेषज्ञ, उच्चतम न्यायालय , उच्च न्यायालयों और जिला न्यायालयों के न्यायाधीश, विभिन्न मंत्रालयों के सचिव, वरिष्ठ सरकारी अधिकारी, राज्य न्यायिक अकादमियों के प्रतिनिधि, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरणों के प्रतिनिधि, राज्य विशेषज्ञ मूल्यांकन समितियों, राज्य पर्यावरण प्रभाव आकलन प्राधिकरणों , राज्य आर्द्रभूमि प्राधिकरणों तथा अन्य संबंधित पक्षों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। इसमें 17 देशों के प्रतिष्ठित न्यायाधीश और न्यायिक प्रतिनिधि भी शामिल होंगे।
यह अलग-अलग देशों और क्षेत्रों में अपनाए जा रहे न्यायिक तरीकों, वैज्ञानिक जानकारी, पर्यावरण प्रबंधन की कार्यप्रणालियों और संस्थागत अनुभवों को साझा करने के लिए एक मंच प्रदान करेगा। सम्मेलन में पर्यावरण और जलवायु से जुड़ी महत्वपूर्ण चुनौतियों पर चर्चा की जाएगी। इनमें नीतियां बनाने, उन्हें लागू करने और नियमों को प्रभावी ढंग से लागू कराने में मौजूद कमियों पर भी विचार किया जाएगा।
इसके अलावा पर्यावरण से जुड़ी प्रशासन तथा व्यवस्था को अधिक मजबूत बनाने और विभिन्न संस्थाओं के बीच बेहतर सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर भी चर्चा की जाएगी।
संजीव, मधुकांत वार्ता